Monday, 14 September 2026 | 6:19 PM
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जैसलमेर की घटना भूगर्भिक इतिहास को समझने में मदद कर सकती है।

जैसलमेर,(द दस्तक 24 न्यूज़) जैसलमेर में बोरवेल से निकले पानी का इतिहास 60 लाख साल पुराना होने का दावा किया गया है। यह पानी समुद्री जल के समान है, लेकिन सरस्वती नदी का नहीं है। बोरवेल से निकली मिट्टी समुद्री मिट्टी के समान है और पानी का टीडीएस 5 हजार के करीब है। यह खोज जैसलमेर के इतिहास और भूगोल के ब
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जैसलमेर की घटना भूगर्भिक इतिहास को समझने में मदद कर सकती है।
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जैसलमेर,(द दस्तक 24 न्यूज़) जैसलमेर में बोरवेल से निकले पानी का इतिहास 60 लाख साल पुराना होने का दावा किया गया है। यह पानी समुद्री जल के समान है, लेकिन सरस्वती नदी का नहीं है। बोरवेल से निकली मिट्टी समुद्री मिट्टी के समान है और पानी का टीडीएस 5 हजार के करीब है।

यह खोज जैसलमेर के इतिहास और भूगोल के बारे में रोचक जानकारी प्रदान करती है। समुद्री पानी के टीडीएस से कम होने के बावजूद, इस पानी में कई खनिज लवण मिले हैं। सरस्वती नदी का रूट तनोट के आसपास के क्षेत्र में है, जहां जमीन से कुछ नीचे ही पानी बाहर आ रहा है और वह मीठा भी है।

यह खोज जैसलमेर के भूगर्भिक इतिहास को समझने में मदद कर सकती है। यह भी पता चलता है कि जैसलमेर में समुद्री जल की उपस्थिति थी, जो अब विलुप्त हो गई है। यह जानकारी विज्ञान और इतिहास के शोधकर्ताओं के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है।