Monday, 14 September 2026 | 6:59 PM
India

फर्रुखाबाद में डीएम का औचक निरीक्षण: एनआरसी केंद्र में कुपोषित बच्चों की देखभाल पर दिया विशेष जोर

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 01 मई 2026 जिलाधिकारी डॉ0 अंकुर लाठर ने शुक्रवार को डॉ0 राम मनोहर लोहिया पुरुष चिकित्सालय स्थित एनआरसी (पोषण पुनर्वास केंद्र) का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का गहनता से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने केंद्र में भर्ती कुपोषित बच्चों के स्वास्थ्य, उपचार व्यवस्था औ
Share:
फर्रुखाबाद में डीएम का औचक निरीक्षण: एनआरसी केंद्र में कुपोषित बच्चों की देखभाल पर दिया विशेष जोर
Read in your preferred language.

फर्रुखाबाद:(द दस्तक 24 न्यूज़) 01 मई 2026 जिलाधिकारी डॉ0 अंकुर लाठर ने शुक्रवार को डॉ0 राम मनोहर लोहिया पुरुष चिकित्सालय स्थित एनआरसी (पोषण पुनर्वास केंद्र) का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का गहनता से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने केंद्र में भर्ती कुपोषित बच्चों के स्वास्थ्य, उपचार व्यवस्था और उपलब्ध सुविधाओं की विस्तार से समीक्षा की।

जिलाधिकारी ने चिकित्सकों से बच्चों की स्वास्थ्य प्रगति की जानकारी ली और निर्देश दिए कि सभी बच्चों को समय से आयरन सिरप उपलब्ध कराया जाए तथा उनका नियमित हीमोग्लोबिन परीक्षण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि कुपोषण के उपचार में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

निरीक्षण के दौरान डीएम ने वार्ड की व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वार्ड का तापमान 27 से 28 डिग्री सेल्सियस के बीच बनाए रखा जाए, जिससे बच्चों को अनुकूल वातावरण मिल सके। साथ ही, बच्चों और उनकी माताओं के लिए निर्धारित पौष्टिक आहार (डाइट) का चार्ट वार्ड में स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करने के निर्देश भी दिए।

जिलाधिकारी ने केंद्र में भर्ती 13 बच्चों और उनकी माताओं से बातचीत कर उनका हालचाल जाना तथा उन्हें मिल रही सुविधाओं पर फीडबैक लिया। इस दौरान उन्होंने बच्चों और माताओं को फल, बिस्किट, जॉनसन बेबी किट और साड़ियां वितरित कर उनका उत्साहवर्धन भी किया।

उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि एनआरसी केंद्र में स्वच्छता, पोषण और उपचार की सभी व्यवस्थाएं उच्च गुणवत्ता के साथ सुनिश्चित की जाएं। साथ ही नियमित मॉनिटरिंग पर भी जोर दिया, ताकि कुपोषण उन्मूलन के प्रयासों को और प्रभावी बनाया जा सके।

निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक सहित अन्य संबंधित अधिकारी और चिकित्सक मौजूद रहे।